किले और सामरिक सुरक्षा

  • किलों को सुरक्षा और प्रशासनिक केंद्र बनाया।
  • रायगड़, प्रतापगढ़, सिंहगड़ जैसे सुरक्षित किले उनके साम्राज्य के मजबूत आधार बने।
  • किलों पर सेना, भंडार और जल-स्रोत का विशेष ध्यान रखा।

2️⃣ सशक्त सेना

  • शिवाजी महाराज ने स्थिर और प्रशिक्षित सेना बनाई।
  • सेना का आकार संतुलित था और वह छापामार युद्ध (Guerrilla Warfare) में सक्षम थी।
  • उन्होंने नौसेना का निर्माण भी किया, जिससे समुद्री मार्ग और बंदरगाह सुरक्षित रहे।

3️⃣ कर प्रणाली (Revenue System)

  • राजस्व संग्रहण में पारदर्शिता
  • किसानों पर अत्यधिक बोझ नहीं डाला गया।
  • कर प्रणाली को सरल और न्यायसंगत बनाया।
  • कृषि और व्यापार को बढ़ावा दिया।

4️⃣ न्याय और कानून

  • प्रजा के लिए न्यायपालिका और कानूनी व्यवस्था स्थापित की।
  • सभी धर्मों के लोगों के लिए समान न्याय
  • अन्याय करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई।

5️⃣ प्रजा कल्याण (Welfare of People)

  • किसानों और व्यापारियों के हित की रक्षा।
  • भंडारण और आपदा प्रबंधन के उपाय।
  • शिक्षा, धर्म और संस्कृति के विकास को बढ़ावा।

6️⃣ प्रशासनिक ढांचा

  • मंत्री मंडल (Ashta Pradhan Mandal):
    शिवाजी महाराज ने अष्टप्रधान मंडल की स्थापना की। इसमें प्रमुख पद थे:
    1. पंचमुखी/मंत्री (Prime Minister/प्रधानमंत्री)
    2. खजांची (Finance Minister)
    3. सेनापति (Commander-in-Chief)
    4. अन्य प्रमुख पद: न्यायाधीश, विदेश मंत्री, आदि।
  • प्रशासनिक पदों पर कौशल और योग्यता के आधार पर नियुक्ति की जाती थी, न कि केवल वंशानुगत अधिकार के आधार पर।

7️⃣ धर्म और संस्कृति का सम्मान

  • सभी धर्मों के प्रति सम्मान और सहिष्णुता
  • हिंदू, मुस्लिम और अन्य धर्मों के लोगों को उनके अधिकारों का संरक्षण।
  • धार्मिक स्थल और पर्वों का संरक्षण।

8️⃣ कूटनीति और गठबंधन

  • सामरिक और राजनीतिक समझदारी के लिए स्थानीय राजाओं और सेनाओं के साथ गठबंधन
  • समझदारी से युद्ध और संधि का संतुलन रखा।
  • मराठा साम्राज्य की सीमाओं का विस्तार कुशल कूटनीति से किया।

शिवाजी महाराज के शासन की विशेषताएँ

  1. सशक्त और प्रशिक्षित सेना
  2. सुरक्षित और मजबूत किले
  3. न्यायप्रिय और प्रजा हितैषी प्रशासन
  4. समान कर प्रणाली और आर्थिक विकास
  5. धर्मनिरपेक्षता और सांस्कृतिक संरक्षण
  6. कौशल और योग्यता के आधार पर पद नियुक्ति
  7. सुरक्षा, कूटनीति और रणनीति में कुशल

संक्षेप में

शिवाजी महाराज का प्रशासन और शासन एक सशक्त साम्राज्य का मॉडल था।
उन्होंने अपने शासन में साहस, नीति, न्याय और प्रजा कल्याण को सर्वोच्च स्थान दिया।
उनकी नीतियाँ आज भी राजनीति और प्रशासनिक अध्ययन में आदर्श मानी जाती हैं।